चीन ने शुरू की नागरिकों की सुरक्षित निकासी : ईरान-इजराइल संकट।
ईरान और इजराइल के बीच बढ़ते सैन्य टकराव के बीच चीन ने अपने नागरिकों की सुरक्षा को प्राथमिकता दी है। मंगलवार को चीन के विदेश मंत्रालय की नियमित प्रेस कॉन्फ्रेंस में प्रवक्ता गुओ जियाकुन ने बताया कि चीन सरकार अपने नागरिकों की सुरक्षा को लेकर गंभीर है और जरूरी कदम उठा रही है।
चीन ने शुरू किया आपातकालीन दूतावास ऑपरेशन
गुओ जियाकुन ने बताया कि जैसे ही ईरान-इजराइल संघर्ष शुरू हुआ, तेहरान और तेल अवीव में मौजूद चीनी दूतावासों ने तुरंत आपातकालीन कांसुलर सुरक्षा तंत्र सक्रिय कर दिया। इन दूतावासों ने दोनों देशों की सरकारों से आग्रह किया है कि वे चीनी नागरिकों और संस्थानों की सुरक्षा सुनिश्चित करें।
स्थानीय चीनी नागरिकों को दी गई सलाह
चीन के दूतावासों और वाणिज्य दूतावासों ने स्थानीय चीनी नागरिकों से संपर्क बनाए रखा है, उन्हें सुरक्षा संबंधी दिशा-निर्देश दिए हैं, और आपातकालीन स्थिति में क्या करना है, इस पर मार्गदर्शन किया है। चीन सरकार इस समय हर संभव सहायता प्रदान कर रही है, ताकि जरूरत पड़ने पर नागरिकों को सुरक्षित निकाला जा सके।
कुछ नागरिकों को सुरक्षित बाहर निकाला गया
प्रवक्ता गुओ ने यह भी पुष्टि की कि कुछ चीनी नागरिकों को पहले ही ईरान और इजराइल से सुरक्षित रूप से पड़ोसी देशों में निकाला गया है। उन्होंने बताया कि विदेश मंत्रालय और अन्य संबद्ध विभाग मिलकर यह सुनिश्चित कर रहे हैं कि सभी नागरिक सुरक्षित रहें और आवश्यकतानुसार उन्हें शीघ्रता से निकाला जाए।
चीन सरकार ने जारी की आपातकालीन हेल्पलाइन
गुओ जियाकुन ने बताया कि ईरान और इजराइल में मौजूद सभी चीनी नागरिकों को सलाह दी गई है कि वे स्थानीय दूतावासों या वाणिज्य दूतावासों से संपर्क करें, या फिर सीधे 12308 कांसुलर सहायता हॉटलाइन पर कॉल करें। यह हेल्पलाइन संकट में फंसे नागरिकों को तत्काल सहायता प्रदान करने के लिए उपलब्ध है।
ईरान-इजराइल तनाव ने पैदा की गंभीर स्थिति
गौरतलब है कि बीते कुछ दिनों में इजराइल द्वारा ईरान पर किए गए हमलों के चलते क्षेत्र में हालात बेहद तनावपूर्ण हो गए हैं। इन हमलों में सैन्य ठिकानों और परमाणु प्रतिष्ठानों को निशाना बनाया गया है, जिससे स्थानीय नागरिकों के साथ-साथ विदेशी नागरिकों की सुरक्षा भी खतरे में पड़ गई है।
चीन ने किया दोहराव – शांति ही एकमात्र विकल्प
चीन ने पहले भी कई बार मध्य पूर्व में शांति बहाल करने की अपील की है। चीन की विदेश नीति हमेशा यह रही है कि विवादों का हल बातचीत और कूटनीति के जरिए किया जाए, न कि सैन्य कार्रवाई से। ऐसे समय में, चीन का अपने नागरिकों की सुरक्षा को लेकर त्वरित प्रतिक्रिया देना उसकी अंतरराष्ट्रीय जिम्मेदारियों को दर्शाता है।
दूतावास स्थानीय हालात पर रख रहे नजर
ईरान और इजराइल में स्थित चीन के दूतावास और वाणिज्य दूतावास लगातार स्थानीय हालात पर नजर बनाए हुए हैं। वे सुरक्षा अपडेट साझा कर रहे हैं, यात्रा सलाह जारी कर रहे हैं और जरूरतमंद नागरिकों को राहत व जानकारी दे रहे हैं।
सुरक्षा उपायों पर ज़ोर, अनावश्यक यात्रा से बचें
चीन ने अपने नागरिकों को सलाह दी है कि वे अनावश्यक यात्रा न करें, और जहां कहीं हैं, वहीं सुरक्षित स्थानों पर रहें। साथ ही, दूतावास द्वारा दी जा रही सुरक्षा सलाह और चेतावनियों का पालन करें।
अन्य देशों को भी चाहिए सतर्कता बरतना
इस घटनाक्रम के बाद यह स्पष्ट है कि यदि तनाव और गहराया, तो अन्य देशों को भी अपने नागरिकों की सुरक्षा के लिए इसी तरह की पहल करनी पड़ सकती है। विदेश में रहने वाले नागरिकों की सुरक्षा अब वैश्विक चिंता बनती जा रही है।
चीन की नीति – नागरिकों की सुरक्षा सर्वोपरि
चीन सरकार की यह त्वरित कार्रवाई यह दिखाती है कि वह अपने विदेशों में बसे नागरिकों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देती है। सरकार की इस सक्रिय भूमिका की प्रशंसा की जा रही है।
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